इंदौर और भोपाल जैसे बड़े शहरों में डेटिंग ऐप्स के माध्यम से हुई मुलाकातों के बाद कुछ लोगों ने क्लबों और बार से जुड़े असामान्य रूप से ऊँचे बिलों को लेकर चिंता जताई है। पीड़ितों का कहना है कि शुरुआती बातचीत के बाद जब आमने‑सामने मिलने की बात आती है, तो मुलाकात के लिए स्थान का सुझाव सामने वाले व्यक्ति द्वारा दिया जाता है। संबंधित स्थान पर पहुँचने के बाद बिना मेन्यू या कीमत की स्पष्ट जानकारी के महंगी ड्रिंक्स और अन्य सेवाएँ परोसी जाती हैं, जिससे कुछ ही समय में बिल की राशि अपेक्षा से अधिक हो जाती है।
कई लोगों का यह भी दावा है कि बिल को लेकर सवाल उठाने पर माहौल असहज हो जाता है और मानसिक दबाव की स्थिति बन जाती है। अधिकांश मामलों में लोग सामाजिक बदनामी या विवाद से बचने के लिए चुप रहना ही बेहतर समझते हैं। हालांकि इन घटनाओं की आधिकारिक पुष्टि संबंधित एजेंसियों द्वारा जांच के बाद ही संभव है, लेकिन बढ़ती शिकायतें यह संकेत देती हैं कि डेटिंग के दौरान सतर्क रहना बेहद आवश्यक हो गया है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि किसी भी नागरिक को यदि जबरन भुगतान, अनुचित व्यवहार या मानसिक दबाव का सामना करना पड़े, तो वह तत्काल पुलिस हेल्पलाइन 112 पर संपर्क करे या नजदीकी थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराए। पुलिस के अनुसार, शिकायत मिलने पर नियमों के तहत कार्रवाई की जाती है और किसी को भी अवैध रूप से रोके जाने या डराने का अधिकार नहीं है।
विशेषज्ञों और साइबर सुरक्षा जानकारों का मानना है कि डेटिंग ऐप्स के माध्यम से मुलाकात के दौरान स्थान का चयन स्वयं करना, सार्वजनिक और भरोसेमंद जगहों को प्राथमिकता देना तथा किसी भी ऑर्डर से पहले कीमत और सेवाओं की पूरी जानकारी लेना आवश्यक है। जागरूकता और सतर्कता ही ऐसी किसी भी असामान्य या संदिग्ध स्थिति से बचाव का सबसे प्रभावी तरीका है।
सभी नागरिकों, खासकर युवा और नए उपयोगकर्ताओं को यह चेतावनी दी जाती है कि किसी भी अनजान व्यक्ति द्वारा सुझाए गए क्लब या बार में जाने से पहले पूरी जानकारी लें और अगर किसी असुविधाजनक स्थिति का सामना हो, तो तुरंत संबंधित अधिकारियों को सूचित करें।