ग्वालियर: प्रदूषण नियंत्रण मानकों का उल्लंघन और प्रतिबंधित सिंगल यूज प्लास्टिक के निर्माण के कारण महाराजपुरा स्थित अग्रवाल इण्डस्ट्रीज को सील कर दिया गया है। यह कार्रवाई कलेक्टर श्रीमती रुचिका चौहान के निर्देश पर मध्यप्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और नगर निगम के अधिकारियों द्वारा की गई।
क्षेत्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अधिकारी श्री आर आर सिंह सेंगर ने बताया कि अग्रवाल इण्डस्ट्रीज के संचालकों को बार-बार उद्योग संचालन को बंद करने के निर्देश दिए गए थे, लेकिन उन्होंने इन निर्देशों का पालन नहीं किया। यह इण्डस्ट्रीज बिना उद्योग बोर्ड की अनुमति के कार्य कर रही थी, और इसके उत्पादन में भारत सरकार द्वारा प्रतिबंधित सिंगल यूज प्लास्टिक, जैसे प्लास्टिक कैनेडी का निर्माण किया जा रहा था। इसके अलावा, उद्योग में बॉयलर से उत्पन्न प्रदूषण को नियंत्रित करने के लिए कोई सक्षम उपचार संयंत्र जैसे बैग फिल्टर आदि नहीं लगाए गए थे।
श्री सेंगर ने कहा कि इन खामियों को लेकर लगातार शिकायतें मिल रही थीं, खासकर चिमनी से निकलने वाले काले धुएं को लेकर। उद्योग के पास आवश्यक प्रदूषण नियंत्रण उपाय नहीं थे और इसके संचालन से प्रदूषण के स्तर में वृद्धि हो रही थी, जिससे आसपास के क्षेत्रों में वायु गुणवत्ता प्रभावित हो रही थी।
मंगलवार, 26 नवम्बर को प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और नगर निगम के अधिकारियों ने संयुक्त रूप से कार्रवाई की और अग्रवाल इण्डस्ट्रीज को सील कर दिया। अधिकारियों का कहना है कि प्रदूषण को नियंत्रित करने और पर्यावरणीय मानकों का पालन सुनिश्चित करने के लिए आगे भी सख्त कदम उठाए जाएंगे।
इस कार्रवाई के बाद, इण्डस्ट्रीज के खिलाफ संबंधित धाराओं में कानूनी कार्यवाही शुरू कर दी गई है और प्रदूषण नियंत्रण मानकों का उल्लंघन करने वाले उद्योगों के खिलाफ सख्त रुख अपनाने की योजना बनाई गई है।